उत्तराखंड मौसम अलर्ट: 9 जिलों में स्कूल बंद, भारी बारिश का रेड अलर्ट और चारधाम यात्रा स्थगित
August 14, 2025
0
उत्तराखंड में मानसून ने इस समय अपनी पूरी ताकत दिखा दी है। प्रदेश के कई जिलों में लगातार हो रही भारी बारिश ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है।
उत्तराखंड में मानसून ने इस समय अपनी पूरी ताकत दिखा दी है। प्रदेश के कई जिलों में लगातार हो रही भारी बारिश ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। नदी-नाले उफान पर हैं, भूस्खलन की घटनाएं बढ़ रही हैं और कई जगहों पर सड़क मार्ग बाधित हो गए हैं। मौसम विभाग ने आज 14 अगस्त को भी भारी से भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी किया है, जिसके चलते प्रशासन ने प्रदेश के नौ जिलों में स्कूल बंद करने का फैसला लिया है।
कौन-कौन से जिलों में छुट्टी
मौसम विभाग के अलर्ट को देखते हुए प्रशासन ने देहरादून, उत्तरकाशी, पिथौरागढ़, उधम सिंह नगर, चमोली, रुद्रप्रयाग, बागेश्वर, चंपावत और टिहरी जिलों में कक्षा 1 से 12 तक के सभी स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों में छुट्टी का ऐलान किया है। आदेश का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
भारी बारिश से बिगड़े हालात
लगातार हो रही बारिश से राज्य के कई हिस्सों में स्थिति चिंताजनक हो गई है। पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन के कारण सड़कें बंद हो गई हैं और यातायात बाधित हो रहा है। कई जगहों पर गांवों का संपर्क कट गया है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे अनावश्यक बाहर न निकलें और खासकर नदी-नालों से दूर रहें, क्योंकि पानी का बहाव बेहद तेज है और खतरा बना हुआ है।
चारधाम और हेमकुंड साहिब यात्रा स्थगित
खराब मौसम का असर धार्मिक यात्राओं पर भी पड़ा है। मौसम विभाग की चेतावनी के बाद बद्रीनाथ, केदारनाथ, यमुनोत्री और गंगोत्री धाम की यात्रा को रोक दिया गया है। इसी के साथ हेमकुंड साहिब की यात्रा भी फिलहाल स्थगित कर दी गई है। श्रद्धालुओं से अपील की गई है कि वे मौसम में सुधार होने तक यात्रा स्थगित रखें।
अगले 72 घंटे अहम
मौसम विभाग के अनुसार राज्य में 15 और 16 अगस्त को भी भारी बारिश की संभावना है। अगले 72 घंटे प्रदेश के लिए बेहद चुनौतीपूर्ण माने जा रहे हैं। इस दौरान पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन और मैदानी इलाकों में जलभराव की समस्या और बढ़ सकती है। प्रशासन ने SDRF और NDRF की टीमों को अलर्ट पर रखा है, साथ ही आपदा प्रबंधन टीमों को संवेदनशील क्षेत्रों में तैनात किया गया है।
प्रशासन के दिशा-निर्देश
लोग अनावश्यक यात्रा से बचें।
नदी-नालों और भूस्खलन प्रभावित क्षेत्रों से दूर रहें।
मौसम विभाग और प्रशासन की अपडेट पर नजर रखें।
आपात स्थिति में तुरंत स्थानीय प्रशासन या हेल्पलाइन नंबर पर संपर्क करें।
चारधाम यात्रा करने वाले श्रद्धालु मौसम सामान्य होने तक प्रस्थान न करें।
नदी-नालों में उफान, खतरा बरकरार
भारी बारिश के चलते नदियों का जलस्तर बढ़ गया है और कई नाले उफान पर हैं। ऐसे में आसपास के इलाकों में रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने की सलाह दी गई है। प्रशासन ने चेतावनी दी है कि तेज बहाव वाले पानी में जाने की कोशिश जानलेवा हो सकती है।
निष्कर्ष
उत्तराखंड में इस समय बारिश ने जनजीवन पर गहरा असर डाला है। प्रशासन और मौसम विभाग की चेतावनी को देखते हुए लोगों को सतर्क रहना बेहद जरूरी है। खासकर पहाड़ी इलाकों में रहने वाले लोगों को अधिक सावधानी बरतनी चाहिए। आने वाले 72 घंटे राज्य के लिए अहम हैं और इस दौरान प्रशासन की अपील है कि लोग सुरक्षित रहें और किसी भी तरह के जोखिम से बचें।